कोरोना महामारी ने अन्य देशों के समान भारत में भी बड़ी संख्या में शादियां टाल दी थीं। वायरस संक्रमण ने आलीशान विवाह समारोहों को प्रभावित किया है। शादियां टलने से केटरर, टेंट हाउस, शादी हॉल, निमंत्रण पत्र की प्रिंटिंग, फूल-माला, बैंड-बाजा से लेकर सभी किस्म के कारोबार पर मार पड़ी है। अब शादियों के तरीके भी बदले हैं।

भारत में शादियों का कारोबार बहुत विराट है। कंसल्टेंसी कंपनी केपीएमजी का अनुमान है कि विवाह इंडस्ट्री लगभग 3.71 लाख करोड़ रुपए सालाना की होगी। महामारी से पहले यह कारोबार हर 25% के हिसाब से बढ़ रहा था।

मैट्रिमोनियल साइट्स का बिजनेस बढ़ा

विवाह समारोहों की चमक फीकी पड़ी है तो दूसरी ओर ऑनलाइन सेवाएं दौड़ रही हैं। प्रमुख ऑनलाइन साइट मैट्रिमोनी डॉट कॉम की आय पिछले एक साल में 20% बढ़ी है। सबसे पुरानी साइट शादी डॉट कॉम के सब्सक्राइबर की संख्या में उछाल आया है। ऑनलाइन विवाह कराने वाले कई वेडिंग प्लेटफार्म शुरू हो गए हैं।

जूम वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए तय हो रहे संबंध

वैवाहिक रिश्ते भी डिजिटल टेक्नोलॉजी की मदद से तय हो रहे हैं। अब वैवाहिक परिचय सम्मेलनों की संख्या बहुत कम हो गई है। संभावित दूल्हा, दुल्हनों को आमने-सामने बैठकर या मंच पर परिचय देने की जरूरत नहीं रह गई है। जूम वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिये माता-पिता की मौजूदगी में शादियां तय होने लगी हैं। लड़का और लड़की एक-दूसरे से परिचय करते हैं।

ऑनलाइन ही हो रहे सगाई और लेडीज संगीत जैसे कार्यक्रम

मैट्रिमोनी डॉट कॉम के प्रमुख मुरुगावेल जानकीरमन उम्मीद करते हैं कि परिचय के लिए उनका नया वीडियो कॉलिंग फीचर जारी रहेगा। वीडियो कॉलिंग से अब लोगों को लड़के, लड़कियों को लगभग प्रत्यक्ष नहीं देख पाने की शिकायत नहीं रहेगी।

ऑनलाइन जोड़ी बनाने वाली एक अन्य सेवा-जीवनसाथी डॉट कॉम की वीडियो मीटिंग 11 गुना से अधिक बढ़ी है। कॉल का समय दस गुना ज्यादा रहा। विवाह से पहले होने वाले सगाई, लेडीज संगीत जैसे कार्यक्रम ऑनलाइन अधिक हो रहे हैं।

ऑनलाइन साइट के जरिए ही आसानी से हो रहे सभी इंतजाम

वैडिंगविशलिस्ट डॉट कॉम की प्रमुख कनिका सुबैया कहती हैं, नवविवाहित जोड़े लैपटॉप पर स्क्रीन छूकर परिवार के बड़े-बुजुर्गों का आशीर्वाद लेते हैं। वेडमीगुड ऐप जैसी सेवाएं मेकअप आर्टिस्ट, फोटोग्राफर, केटरर और पुजारियों का इंतजाम करती हैं।

गोद भराई तक ऑनलाइन

कई परिवारों ने शादी में प्रत्यक्ष शामिल होने वाले मेहमानों के घर पर स्वास्थ्य कर्मी भेजकर कोविड-19 जांच कराई है। वेडिंगविशलिस्ट ने 100 से अधिक वर्चुअल विवाह कराए हैं। नए अवसर नए जोड़े के परिणय बंधन तक सीमित नहीं हैं। कुछ साइट गोद भराई की रस्म तक ऑनलाइन कराने लगी हैं।