नई दिल्ली, भारत की सबसे बड़ी IT सर्विस फर्म TCS में नौकरी का सपना देखने वाले फ्रेशर्स के लिए कंपनी एक सुनहरा मौका लेकर आ रही है। दरअसल कंपनी वित्त वर्ष 2022 में रिकॉर्ड 78,000 फ्रेशर्स को जोड़ेगी, जो कि इस साल के 40 हाजर की संख्या  के मुकाबले तकरीबन डबल होगी।  ये बात ऐसे समय सामने आ रही है जब कंपनी ने राजेश गोपीनाथन को 5 साल के लिए दोबारा बतौर CEO जोड़ लिया है।  उनका कार्यकाल 21 फरवरी, 2022 से 27 फरवरी, 2027 तक तय किया गया है।   

अब कंपनी 40 के बजाए 78 हजार नौकरियां देगी

कंपनी ने सितंबर 2021 को समाप्त तिमाही तक 19,690 कर्मचारियों को जोड़ा, जिसमें IT पेशेवरों की बढ़ती मांग के बीच 11। 9% की वृद्धि हुई है।  पिछली तिमाही में TCS का एट्रिशन 8। 6 फीसदी रहा।  IT प्रोफेशनल्स की मांगवाले इस दौर में कंपनी का ये टैलेंट नैरेटिव काफी बड़ा है।  हालांकि कंपनी ने इससे पहले कहा था कि वह वित्त वर्ष 2022 में इस साल की तरह ही 40 हजार फ्रेशर्स को नौकरी देगी।  लेकिन अब कंपनी 40 के बजाए 78 हजार फ्रेशर्स को नौकरी देने का प्लान कर रही है। 

TCS में कुल कर्मचारियों की संख्या 5,28,748 

फिलहाल सितंबर तिमाही में कंपनी के पास कुल कर्मचारियों की संख्या 5,28,748 है।   मुख्य मानव संसाधन अधिकारी, मिलिंद लक्कड़ ने अर्निंग कॉल के दौरान कहा कि भारी डिमांड चिंता का विषय है, ये माहौल आनेवाले और दो से तीन तिमाहियों तक कायम रहेगा, इससे मांग भी कायम रहेगी।  बावजूदद इसके कंपनी को भरोसा है कि फ्रेशर्स के सप्लाई की राह में आनेवाली मुश्किलों को वह आसानी से हल कर लेगी।  कंपनी ने बीते 6 महीनों में 43, 000 फ्रेशर्स को जॉब दिया है और आनेवाले और 6 महीनों में 35,000 फ्रेशर्स को जॉब देगी। 

ऑनलाइन सेगमेंट में सर्विस की डिमांड हाई रहने की उम्मीद

ग्राहकों की बढ़ती तादाद और ट्रांस्फॉर्मेशन के सप्लाई-चेन की चुनौतियों को उबारने के लिए कंपनी समय से पहले अपने खुद के टैलेंट पाइपलाइन को तैयार कर लेगी। ऑर्गैनिक टैलेंट डेवलपमेंट और कैरियर को लर्निंग के साथ जोड़कर कर्मचारियों का सैटिस्फैक्शन लेवल हाई रखा जाता है।  इसी दौरान कॉटेक्चुअल मास्टर्स और एलिवेट जैसे प्रोग्राम की मदद से कर्मचारियों को तैयार किया जाएगा।  कोरोना के बाद से व्यापारी बिजनेस को लगातार चलाने के लिए तेजी के साथ ऑनलाइन और क्लाउड की ओर मुड़ रहा है।  नतीजतन, ऐसे माहौल में जब कंपनियां डिजिटल युग की ओर रुख कर रही हैं तो ऑनलाइन सेगमेंट में सर्विस की डिमांड भी काफी हाई रहने की उम्मीद है। 

भारी डिमांड चिंता का विषय 

फिलहाल सितंबर तिमाही में कंपनी के पास कुल कर्मचारियों की संख्या 5,28,748 है।   मुख्य मानव संसाधन अधिकारी, मिलिंद लक्कड़ ने अर्निंग कॉल के दौरान कहा कि भारी डिमांड चिंता का विषय है, ये माहौल आनेवाले और दो से तीन तिमाहियों तक कायम रहेगा, इससे मांग भी कायम रहेगी।  बावजूदद इसके कंपनी को भरोसा है कि फ्रेशर्स के सप्लाई की राह में आनेवाली मुश्किलों को वह आसानी से हल कर लेगी।  कंपनी ने बीते 6 महीनों में 43, 000 फ्रेशर्स को जॉब दिया है और आनेवाले और 6 महीनों में 35,000 फ्रेशर्स को जॉब देगी।